TOP 5 दिल को छू लेने वाली कविता – Heart Touching Poem In Hindi

2
1111
Heart Touching Poem In Hindi
Heart Touching Poem In Hindi

Heart Touching Poem In Hindi

हेलो  दोस्तों आज की इस पोस्ट में मैं आप सबको Heart Touching Poem In Hindi शेयर करने वाला हूँ, तो अगर आप पढ़ना चाहते हैं तो इसे पढ़ सकते हैं


(1)

जो ग़ुज़र जाती है वही काग़ज़ पर उतर आती है
नज़्म बनती है मेरी ज़िंदगी ग़ज़लों में सँवर जाती है

दर्द गीतों में बयां होते हैं अश्क लफ़्ज़ों में उतर आते हैं
रात की रोशनाई में नज़्म दिल की नज़र आती है

बदलते वक्त में ज़माने का ये दस्तूर हुआ
मेरे हमदम मैं तुझे चाह कर मशहूर हुआ

छीन मेरे अल्फा़ज़ वो क्या चाहता है
मैं तुझे काफ़िर कहूं मज़बूर हुआ

रोज़ धुलती है मेरी शराफ़त नील के पानी से
की शायद इस तरह दाग़ छिप जायें
रोज़ हँसता हूँ अपने ऊपर कि शायद इस तरह
मेरी ग़लतियाँ छिप जायें

~ गौरव सिंह घुरैया


Sad Life Poem In Hindi

(2)

मंजिल से आगे बढ़ कर मंजिल तलाश कर
मिल जाये तुझको दरिया तो समन्दर तलाश कर ।

हर शीशा टूट जाता है पत्थर की चोट से
पत्थर ही टूट जाये वो शीशा तलाश कर ।

सजदों से तेरे क्या हुआ सदियाँ गुजर गयीं
दुनिया तेरी बदल दे वो सजदा तलाश कर ।

ईमान तेरा टूट गया रहबर के हाथों से
ईमान तेरा बचा ले वो रहबर तलाश कर ।

हर शख्स जल रहा है अदावत की आग में
इस आग को बुझा दे वो पानी तलाश कर ।

करे सवार ऊंट पे अपने गुलाम को
पैदल ही खुद चले जो वो आक़ा तलाश कर ।।

Heart Touching Poem In Hindi (2)
Heart Touching Poem In Hindi

Heart Touching Poem In Hindi

(3)

फ़क़ीराना आए सदा कर चले
मियाँ खुश रहो हम दुआ कर चले

जो तुझ बिन न जीने को कहते थे हम
सो इस अहद को अब वफ़ा कर चले

कोई ना-उम्मीदाना करते निगाह
सो तुम हम से मुँह भी छिपा कर चले

बहोत आरजू थी गली की तेरी
सो याँ से लहू में नहा कर चले

दिखाई दिए यूँ कि बेखुद किया
हमें आप से भी जुदा कर चले

जबीं सजदा करते ही करते गई
हक-ऐ-बंदगी हम अदा कर चले

परस्तिश की याँ तईं कि ऐ बुत तुझे
नज़र में सबों की ख़ुदा कर चले

गई उम्र दर बंद-ऐ-फ़िक्र-ऐ-ग़ज़ल
सो इस फ़न को ऐसा बड़ा कर चले

कहें क्या जो पूछे कोई हम से “मीर”
जहाँ में तुम आए थे, क्या कर चले


(4)

कागज़ की कश्ती हूँ मैं यु ही बहता चला जाऊंगा
जो डूबना है किश्मत मेरी तो डूब ही जाऊंगा

जरा जी भर नज़ारे तो देख लू
मुझे बनाने वाले के होठों की मुस्कान तो देख लूँ
मैं हूँ कस्ती उसकी बनायी
जो डुबायेगा वो तो कैसे बच पाये
मैं हूँ कागज़ की कश्ती
डुबना है तो डूब ही जाऊंगा


Heart Touching Poem In Hindi

(5)

हसरतों के सैलाब में आज कश्ती खेने दो
तमन्नाओं के दरिया में आज तैर लेने दो

ना होती हो तो ना हो क़िस्मत मेहरबान
पर हमें जी भर के कोशिश आज कर लेने दो

कहीं यह अरमान ना रह जाये कि यह करते
कहीं यह अरमान ना रह जाये कि वह करते
जब हार के मरना तो तय है ही ,
तो फिर मरने से पहले आज जी लेने दो


Final Word

दोस्तों उम्मीद हैं आपको ये पसंद आया होगा, और अगर पसंद आया होगा तो अपने दोस्तों को जरूर शेयर करना और हमे कमेंट करके जरूर बताये!!

2 COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here